Logo
Breaking News Exclusive
महिला आरक्षण से जुड़ा बिल 54 वोट से गिरा, मोदी सरकार पहली बार बिल पास कराने में नाकाम जमीन पर पटका, डंडों से मारपीट की, नाबालिग से दरिंदगी का VIDEO वायरल कान सुन्न पड़ा, अफसर ने कहा- तेरा सब नेतागिरी निकाल दूंगा, जेल भेजने दी धमकी, सस्पेंड सुसाइड नोट में लिखा-व्यापारियों ने 5 करोड़ लिए, वापस नहीं दिए, जान से मारने की दी धमकी 36 झुलसे, परिजनों का हंगामा; जांच के आदेश, मुआवजे का ऐलान 35 मीटर ऊंचाई पर हाई-वोल्टेज ड्रामा, बिजली सप्लाई बंद, घंटों चला रेस्क्यू 4 वाहन जले, पेट्रोल पंप-ट्रांसफार्मर पास होने से टला बड़ा हादसा 17 मजदूरों की मौत, 36 मजदूर गंभीर रूप से झुलसे, 35-35 लाख मुआवजा 150 से ज़्यादा गाड़ियां क्षतिग्रस्त, 50+ फैक्ट्रियों में तोड़फोड़, पुलिस ने आंसू गैस छोड़ी सीएम मोहन ने लिया नर्मदा संरक्षण का संकल्प, यूकेलिप्टस हटाकर साल-महुआ लगाएंगे, शराब और प्लास्टिक पर रहेगा प्रतिबंध महिला आरक्षण से जुड़ा बिल 54 वोट से गिरा, मोदी सरकार पहली बार बिल पास कराने में नाकाम जमीन पर पटका, डंडों से मारपीट की, नाबालिग से दरिंदगी का VIDEO वायरल कान सुन्न पड़ा, अफसर ने कहा- तेरा सब नेतागिरी निकाल दूंगा, जेल भेजने दी धमकी, सस्पेंड सुसाइड नोट में लिखा-व्यापारियों ने 5 करोड़ लिए, वापस नहीं दिए, जान से मारने की दी धमकी 36 झुलसे, परिजनों का हंगामा; जांच के आदेश, मुआवजे का ऐलान 35 मीटर ऊंचाई पर हाई-वोल्टेज ड्रामा, बिजली सप्लाई बंद, घंटों चला रेस्क्यू 4 वाहन जले, पेट्रोल पंप-ट्रांसफार्मर पास होने से टला बड़ा हादसा 17 मजदूरों की मौत, 36 मजदूर गंभीर रूप से झुलसे, 35-35 लाख मुआवजा 150 से ज़्यादा गाड़ियां क्षतिग्रस्त, 50+ फैक्ट्रियों में तोड़फोड़, पुलिस ने आंसू गैस छोड़ी सीएम मोहन ने लिया नर्मदा संरक्षण का संकल्प, यूकेलिप्टस हटाकर साल-महुआ लगाएंगे, शराब और प्लास्टिक पर रहेगा प्रतिबंध

अफसर के पैरों में सांसद, VIDEO : मंच से उतरकर अधिकारी के छुए पैर, जानिए क्या है पूरा मामला ?

मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले में एक सरकारी कार्यक्रम के दौरान उस वक्त असहज स्थिति बन गई, जब अधिकारियों के देर से पहुंचने पर सांसद रोडमल नागर नाराज हो गए। गुस्से में सांसद मंच से उतर आए और देरी से पहुंचे अधिकारी के सामने झुककर उनके पैर छूने लगे। उन्होंने कहा कि उन्हें बेवकूफों की तरह डेढ़ घंटे तक इंतजार कराया गया।

मामला मंगलवार का है, जब राजगढ़ जिले के कुंडीबेह गांव में जल अर्पण कार्यक्रम आयोजित किया गया था। यह गांव देश के उन पहले गांवों में शामिल हो गया है, जहां 24 घंटे नल से शुद्ध पेयजल की आपूर्ति शुरू हुई है। इस कार्यक्रम में सांसद रोडमल नागर और विधायक अमरसिंह यादव तय समय पर पहुंच गए थे, लेकिन प्रशासनिक अधिकारियों के देर से आने के कारण कार्यक्रम में करीब डेढ़ घंटे की देरी हो गई।

जानकारी के मुताबिक, दिल्ली से आए जल जीवन मिशन के अपर सचिव कमलकिशोर सोम, जल निगम के प्रबंध संचालक केवीएस चौधरी सहित अन्य अधिकारी तय समय पर नहीं पहुंचे थे। इसी देरी को लेकर सांसद नाराज हो गए और मंच से उतरकर उन्होंने प्रतीकात्मक रूप से अधिकारी को प्रणाम करते हुए उनके पैर छुए।

सांसद बोले- नाराजगी किसी व्यक्ति से नहीं, सिस्टम से थी

इस घटना को लेकर जब सांसद रोडमल नागर से सवाल किया गया तो उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी नाराजगी किसी व्यक्ति विशेष के प्रति नहीं थी, बल्कि जल जीवन मिशन परियोजना में हो रही देरी और प्रशासनिक लापरवाही को लेकर थी।

उन्होंने कहा कि कुंडीबेह सहित 25 गांवों में 24 घंटे शुद्ध पानी की आपूर्ति एक बड़ी उपलब्धि है, लेकिन ऐसे महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट में समय की पाबंदी और जवाबदेही बेहद जरूरी है। केवल कार्यक्रम आयोजित करने से काम पूरा नहीं होता, बल्कि जमीनी स्तर पर समयबद्ध काम होना चाहिए।

कार्यक्रम के दौरान जल आपूर्ति की शुरुआत के साथ ही कुंडीबेह गांव देशभर में चर्चा का विषय बन गया। वहीं सांसद के इस विरोध के तरीके और कार्यक्रम के वीडियो ने प्रशासनिक और राजनीतिक गलियारों में भी हलचल मचा दी है।

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन