Logo
Breaking News Exclusive
दर्दनाक हादसे में 34 बच्चे और महिला टीचर ने भी गंवाई जान; 40 घायल, स्कूल मालिक गिरफ्तार पुल से 15 फीट नीचे गिरी बाइक, दादी और 2 पोते की गई जान, कथा में शामिल होकर लौट रहे थे तीनों शराब और महिला को आश्रम लाने पर हुआ था विवाद; गला घोंटकर मारा, अब राजेंद्रग्राम कोर्ट ने सुनाई सजा रेखा गुप्ता ने कहा- जब तक हर एक राम मारा न जाए, समाज साफ-सुथरा नहीं हो मुस्कान-साहिल ने मारकर नीले ड्रम में डाला था; कोर्ट बोला- माफी स्वीकार नहीं; फैसले के बाद सौरभ की मां रो पड़ीं वित्त विभाग ने वित्तीय संकट बताया; मोहन यादव, 2 मंत्री और गृह सचिव को मिली गाड़ियां बिहार में 25 से ज्यादा लोग सवार थे; छेद से भरने लगा पानी, 15 साल की चांदनी ने 2 बच्चों को बचाया ड्राइवर सीट के पीछे छिपाकर ले जा रहे थे यूपी-झारखंड के तस्कर, दो आरोपी गिरफ्तार तेरहवीं के भोज में जा रहे थे सभी; एक ही परिवार की 7 बच्चियों ने गंवाई जान, 15 साल की चांदनी ने 2 की जान बचाई ग्राम पंचायत मौहारी में दिखी आस्था की अनूठी मिसाल, जानिए इसके पीछे की वजह ? दर्दनाक हादसे में 34 बच्चे और महिला टीचर ने भी गंवाई जान; 40 घायल, स्कूल मालिक गिरफ्तार पुल से 15 फीट नीचे गिरी बाइक, दादी और 2 पोते की गई जान, कथा में शामिल होकर लौट रहे थे तीनों शराब और महिला को आश्रम लाने पर हुआ था विवाद; गला घोंटकर मारा, अब राजेंद्रग्राम कोर्ट ने सुनाई सजा रेखा गुप्ता ने कहा- जब तक हर एक राम मारा न जाए, समाज साफ-सुथरा नहीं हो मुस्कान-साहिल ने मारकर नीले ड्रम में डाला था; कोर्ट बोला- माफी स्वीकार नहीं; फैसले के बाद सौरभ की मां रो पड़ीं वित्त विभाग ने वित्तीय संकट बताया; मोहन यादव, 2 मंत्री और गृह सचिव को मिली गाड़ियां बिहार में 25 से ज्यादा लोग सवार थे; छेद से भरने लगा पानी, 15 साल की चांदनी ने 2 बच्चों को बचाया ड्राइवर सीट के पीछे छिपाकर ले जा रहे थे यूपी-झारखंड के तस्कर, दो आरोपी गिरफ्तार तेरहवीं के भोज में जा रहे थे सभी; एक ही परिवार की 7 बच्चियों ने गंवाई जान, 15 साल की चांदनी ने 2 की जान बचाई ग्राम पंचायत मौहारी में दिखी आस्था की अनूठी मिसाल, जानिए इसके पीछे की वजह ?

: MP News: जनपद ऑफिस के बाथरूम में मिली आयरन की एक्सपायरी टेबलेट, CEO ने कहा- मुझे नहीं जानकारी

News Desk

News Desk / Mon, Dec 5, 2022

MP News: जनपद ऑफिस के बाथरूम में मिली आयरन की एक्सपायरी टेबलेट, CEO ने कहा- मुझे नहीं जानकारी

बाथरूम में मिली आयरन की एक्सपायरी टेबलेट

बाथरूम में मिली आयरन की एक्सपायरी टेबलेट - फोटो : अमर उजाला

ख़बर सुनें

शहडोल जिले के बुढार जनपद पंचायत कार्यालय परिसर में स्थित बाथरूम में भारी मात्रा में कालातीत आयरन टेबलेट फेंक दी गई हैं, जिसे शासकीय विद्यालयों में किशोरियों और गर्भवती महिलाओं को वितरित करने के लिए शासन की ओर से भेजा गया था। लेकिन  महिलाओं और बालिकाओं के लिए अमृत कही जाने वाली आयरन एंड फोलिक एसिड की टेबलेट उन तक नहीं पहुंची और अफसरों की लापरवाही से वह रखे-रखे ही कालातीत हो गई, जिसके बाद अपनी गलती छुपाने के लिए सैकड़ों पत्ते आयरन की एक्सपायरी दवाइयां जनपद पंचायत के बाथरूम में फेंक दी गई।

सरकार की ओर से बच्चियों और गर्भवती माताओं के शरीर में आयरन की कमी न हो, इसके लिए आयरन की गोली मुफ्त गोली वितरित करने के किए भेजी जाती है। लेकिन स्थानीय अफसरों और विभाग के जिम्मेदारों की लापरवाही के कारण ही शायद जरूरतमंदों तक यह दवाएं नहीं पहुंच पा रही हैं, जिसका नतीजा यह निकल रहा है कि महिलाओं और बालिकाओं में खून की कमी के मामले बढ़ते जा रहे हैं।

गंभीरता से जांच हो तो...
अब अगर प्रशासन के आलाधिकारी इसे गंभीरता से लेकर जांच कराएं तो यह साफ हो सकता है कि यह दवाइयां कब आई थीं और किन केंद्रों के माध्यम से इसका वितरण किया जाना था। अगर समय रहते यह दवाइयां जरूरतमंदों को वितरित कर दी जातीं, तब शायद उन्हें इसका लाभ भी मिल जाता और सरकार का पैसा यूं बर्बाद नहीं होता। इस संबंध में जनपद पंचायत बुढार के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मुद्रिका सिंह इन दवाइयों के जनपद परिसर में फेंके जाने से अपने आपको अनजान बता रहे हैं। बहरहाल, अब किसकी गलती से ऐसा हुआ यह तो जांच के बाद ही पता चल पाएगा।

विस्तार

शहडोल जिले के बुढार जनपद पंचायत कार्यालय परिसर में स्थित बाथरूम में भारी मात्रा में कालातीत आयरन टेबलेट फेंक दी गई हैं, जिसे शासकीय विद्यालयों में किशोरियों और गर्भवती महिलाओं को वितरित करने के लिए शासन की ओर से भेजा गया था। लेकिन  महिलाओं और बालिकाओं के लिए अमृत कही जाने वाली आयरन एंड फोलिक एसिड की टेबलेट उन तक नहीं पहुंची और अफसरों की लापरवाही से वह रखे-रखे ही कालातीत हो गई, जिसके बाद अपनी गलती छुपाने के लिए सैकड़ों पत्ते आयरन की एक्सपायरी दवाइयां जनपद पंचायत के बाथरूम में फेंक दी गई।

सरकार की ओर से बच्चियों और गर्भवती माताओं के शरीर में आयरन की कमी न हो, इसके लिए आयरन की गोली मुफ्त गोली वितरित करने के किए भेजी जाती है। लेकिन स्थानीय अफसरों और विभाग के जिम्मेदारों की लापरवाही के कारण ही शायद जरूरतमंदों तक यह दवाएं नहीं पहुंच पा रही हैं, जिसका नतीजा यह निकल रहा है कि महिलाओं और बालिकाओं में खून की कमी के मामले बढ़ते जा रहे हैं।

गंभीरता से जांच हो तो...
अब अगर प्रशासन के आलाधिकारी इसे गंभीरता से लेकर जांच कराएं तो यह साफ हो सकता है कि यह दवाइयां कब आई थीं और किन केंद्रों के माध्यम से इसका वितरण किया जाना था। अगर समय रहते यह दवाइयां जरूरतमंदों को वितरित कर दी जातीं, तब शायद उन्हें इसका लाभ भी मिल जाता और सरकार का पैसा यूं बर्बाद नहीं होता। इस संबंध में जनपद पंचायत बुढार के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मुद्रिका सिंह इन दवाइयों के जनपद परिसर में फेंके जाने से अपने आपको अनजान बता रहे हैं। बहरहाल, अब किसकी गलती से ऐसा हुआ यह तो जांच के बाद ही पता चल पाएगा।


Source link

Tags :

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन