Logo
Breaking News Exclusive
ग्रामीणों का गुस्सा फूटा, मौहारी-देवरा मार्ग के लिए खुद उठाई कुदाली, 15 हजार वोटर करेंगे चुनाव बहिष्कार और आंदोलन अनूपपुर के मौहारी समेत 4 पंचायतों में सड़क आज भी सपना; 15 हजार वोटर बोले- अब चक्काजाम, चुनाव बहिष्कार की चेतावनी 23 दिन 100% उपस्थिति के कुछ घंटे बाद तबादला, रणबीर शर्मा होंगे नए कलेक्टर, जानिए कहां भेजे गए ? महाकाल में क्या चिता की भस्म चढ़ती है, रात में नेता क्यों नहीं रुकते, क्या कुर्सी चली जाती है; जानिए सच्चाई ? तारापीठ में होटल धधका, 7 लोग जिंदा जले, मां और 2 बच्चों समेत कई लापता नागचंद्रेश्वर मंदिर दर्शन के लिए भीड़, 13 श्रद्धालुओं की तबीयत बिगड़ी; अस्पताल में भर्ती Ashok Dham Temple में भगदड़, 7 महिलाओं की मौत; 23 से ज्यादा घायल, 3 की हालत नाजुक MP के NCC कैंप में सोलो सिंगिंग में पहला स्थान, 17+ वाद्य यंत्रों के उस्ताद; पढ़िए देवभोग के बेटे की कहानी ? गरियाबंद में 22 में 11 सड़कों में दरारें, गाड़ियां चलना मुश्किल; क्या रायपुर से लिखी गई करप्शन की स्क्रिप्ट ? गरियाबंद में झोपड़ी में आंगनबाड़ी, 209 किराए में, 81 जुगाड़ में चल रहे, कमर तक बाढ़ पार कर रहे मासूम ग्रामीणों का गुस्सा फूटा, मौहारी-देवरा मार्ग के लिए खुद उठाई कुदाली, 15 हजार वोटर करेंगे चुनाव बहिष्कार और आंदोलन अनूपपुर के मौहारी समेत 4 पंचायतों में सड़क आज भी सपना; 15 हजार वोटर बोले- अब चक्काजाम, चुनाव बहिष्कार की चेतावनी 23 दिन 100% उपस्थिति के कुछ घंटे बाद तबादला, रणबीर शर्मा होंगे नए कलेक्टर, जानिए कहां भेजे गए ? महाकाल में क्या चिता की भस्म चढ़ती है, रात में नेता क्यों नहीं रुकते, क्या कुर्सी चली जाती है; जानिए सच्चाई ? तारापीठ में होटल धधका, 7 लोग जिंदा जले, मां और 2 बच्चों समेत कई लापता नागचंद्रेश्वर मंदिर दर्शन के लिए भीड़, 13 श्रद्धालुओं की तबीयत बिगड़ी; अस्पताल में भर्ती Ashok Dham Temple में भगदड़, 7 महिलाओं की मौत; 23 से ज्यादा घायल, 3 की हालत नाजुक MP के NCC कैंप में सोलो सिंगिंग में पहला स्थान, 17+ वाद्य यंत्रों के उस्ताद; पढ़िए देवभोग के बेटे की कहानी ? गरियाबंद में 22 में 11 सड़कों में दरारें, गाड़ियां चलना मुश्किल; क्या रायपुर से लिखी गई करप्शन की स्क्रिप्ट ? गरियाबंद में झोपड़ी में आंगनबाड़ी, 209 किराए में, 81 जुगाड़ में चल रहे, कमर तक बाढ़ पार कर रहे मासूम

: Chhattisgarh: भूपेश बघेल-टीएस बाबा की साथ लगी चौपाल; पहली भेंट-मुलाकात से कन्नी काट गए थे महाराज

News Desk / Sun, Oct 9, 2022


मुख्यमंत्री भूपेश बघेल कवर्धा दौरे पर हैं। उनके साथ स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव भी हैं।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल कवर्धा दौरे पर हैं। उनके साथ स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव भी हैं। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

ख़बर सुनें

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और मुख्यमंत्री पद की दौड़ में शामिल स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव पहली बार 'भेंट-मुलाकात' कार्यक्रम में साथ-साथ दिखाई दिए। मुख्यमंत्री बघेल और स्वास्थ्य सिंहदेव के बीच खींचतान लंबे समय से चल रहा है। सिंहदेव ने खींचतान और उनके मुताबिक पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग में काम न होने पर कुछ महीने विभाग ही छोड़ दिया था। खटास के बाद भी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव का साथ-साथ होना लोगों को चौंकाया।

CM सरगुजा पहुंचे, तो सिंहदेव बस्तर
दरअसल, CM बघेल ने इस साल 4 मई को भेंट-मुलाकात कार्यक्रम की शुरुआत सरगुजा संभाग के बलरामपुर जिले से की थी। सरगुजा के राजा सिंहदेव ही वहां नहीं पहुंचे। वे प्राइवेट हेलीकाप्टर लेकर लोगों से मिलने बस्तर संभाग पहुंच गए, लेकिन इस दौर के कई रंग दिखे। सिंहदेव से गिने-चुने कार्यकर्ता ही मिले। कलेक्टर-एसपी भी उनसे मिलने नहीं पहुंचे। इसके बाद वे स्वास्थ्य विभाग के अफसरों की बैठक लेकर लौट गए। 

यह भी पढ़ें...Chhattisgarh: भूपेश बोले-देखने आया हूं, योजनाओं का लाभ पहुंच रहा है या नहीं; भेंट-मुलाकात में कवर्धा पहुंचे CM

जय-वीरू का साथ आना बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम
मुख्यमंत्री बघेल और स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव का आज एक हेलीकाप्टर में कवर्धा जाने को बड़े राजनीतिक घटनाक्रम के रूप में देखा जा रहा है। कवर्धा विधानसभा से वन एवं पर्यावरण मंत्री मोहम्मद अकबर विधायक हैं। टीएस सिंहदेव कवर्धा जिले के प्रभारी मंत्री हैं। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के भेंट मुलाक़ात कार्यक्रम में आमतौर से प्रभारी मंत्री रहते हैं।  शायद इस कारण से सिंहदेव को उनके साथ जाना पड़ा। लेकिन सरगुजा विजिट में उन्होंने कन्नी काट ली थी। कलेक्टर को चिट्टी लिखकर अनुपस्थित रहने की सूचना दी थी।

लोगों से सीधे मुलाकात के लिए चल रहा भेंट-मुलाकात
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेश के सभी विधानसभा क्षेत्रों में आमजनता, जनप्रतिनिधियों और समाज प्रमुखों से भेंट-मुलाकात' के अभियान की शुरुआत  की है । मुख्यमंत्री अलग-अलग चरणों में राज्य के कई जिलों में रात्रि विश्राम कर लोगों से मिल चुके हैं और जमीनी हकीकत के मुताबिक फैसला भी कर रहे हैं।  राज्य में ख़राब सड़कों के लिए लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता को दोषी मानते हुए हटा दिया , वही कई अफसरों और कर्मचारियों पर भी एक्शन लिया है।

विस्तार

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और मुख्यमंत्री पद की दौड़ में शामिल स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव पहली बार 'भेंट-मुलाकात' कार्यक्रम में साथ-साथ दिखाई दिए। मुख्यमंत्री बघेल और स्वास्थ्य सिंहदेव के बीच खींचतान लंबे समय से चल रहा है। सिंहदेव ने खींचतान और उनके मुताबिक पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग में काम न होने पर कुछ महीने विभाग ही छोड़ दिया था। खटास के बाद भी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंहदेव का साथ-साथ होना लोगों को चौंकाया।

CM सरगुजा पहुंचे, तो सिंहदेव बस्तर
दरअसल, CM बघेल ने इस साल 4 मई को भेंट-मुलाकात कार्यक्रम की शुरुआत सरगुजा संभाग के बलरामपुर जिले से की थी। सरगुजा के राजा सिंहदेव ही वहां नहीं पहुंचे। वे प्राइवेट हेलीकाप्टर लेकर लोगों से मिलने बस्तर संभाग पहुंच गए, लेकिन इस दौर के कई रंग दिखे। सिंहदेव से गिने-चुने कार्यकर्ता ही मिले। कलेक्टर-एसपी भी उनसे मिलने नहीं पहुंचे। इसके बाद वे स्वास्थ्य विभाग के अफसरों की बैठक लेकर लौट गए। 

यह भी पढ़ें...Chhattisgarh: भूपेश बोले-देखने आया हूं, योजनाओं का लाभ पहुंच रहा है या नहीं; भेंट-मुलाकात में कवर्धा पहुंचे CM

जय-वीरू का साथ आना बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम
मुख्यमंत्री बघेल और स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव का आज एक हेलीकाप्टर में कवर्धा जाने को बड़े राजनीतिक घटनाक्रम के रूप में देखा जा रहा है। कवर्धा विधानसभा से वन एवं पर्यावरण मंत्री मोहम्मद अकबर विधायक हैं। टीएस सिंहदेव कवर्धा जिले के प्रभारी मंत्री हैं। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के भेंट मुलाक़ात कार्यक्रम में आमतौर से प्रभारी मंत्री रहते हैं।  शायद इस कारण से सिंहदेव को उनके साथ जाना पड़ा। लेकिन सरगुजा विजिट में उन्होंने कन्नी काट ली थी। कलेक्टर को चिट्टी लिखकर अनुपस्थित रहने की सूचना दी थी।

लोगों से सीधे मुलाकात के लिए चल रहा भेंट-मुलाकात
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेश के सभी विधानसभा क्षेत्रों में आमजनता, जनप्रतिनिधियों और समाज प्रमुखों से भेंट-मुलाकात' के अभियान की शुरुआत  की है । मुख्यमंत्री अलग-अलग चरणों में राज्य के कई जिलों में रात्रि विश्राम कर लोगों से मिल चुके हैं और जमीनी हकीकत के मुताबिक फैसला भी कर रहे हैं।  राज्य में ख़राब सड़कों के लिए लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता को दोषी मानते हुए हटा दिया , वही कई अफसरों और कर्मचारियों पर भी एक्शन लिया है।


Source link

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन