Raigarh protest violence, woman constable assault, JPL coal mine protest, Chhattisgarh police action, रायगढ़ प्रदर्शन हिंसा, महिला आरक्षक बदसलूकी, JPL कोयला खदान विरोध, छत्तीसगढ़ पुलिस कार्रवाई
महिला आरक्षक को अर्धनग्न करने वाले आरोपी का निकला जुलूस, देखें VIDEO : लिपस्टिक पोती, उठक-बैठक करवाई, चप्पलों की माला पहनाई, 'वर्दी फाड़ना पाप है' के लगवाए नारे
Mon, Jan 5, 2026
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के तमनार ब्लॉक में JPL कोयला खदान के खिलाफ हुए प्रदर्शन के दौरान महिला आरक्षक के साथ बदसलूकी और कपड़े फाड़ने के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। इस सनसनीखेज घटना में अब तक कुल 6 आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है, जबकि एक आरोपी अभी फरार है।
मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद महिला और पुरुष पुलिसकर्मियों ने सिग्नल चौक से न्यायालय तक आरोपी का जुलूस निकाला। इस दौरान आरोपी के चेहरे पर लिपस्टिक लगाई गई, चप्पलों की माला पहनाई गई और उससे नारे लगवाए गए “पुलिस हमारी बाप है, वर्दी फाड़ना पाप है।” सड़क पर ही आरोपी से उठक-बैठक भी करवाई गई।
इन पर दर्ज है मामला
महिला पुलिसकर्मी से मारपीट, बदसलूकी और अमानवीय व्यवहार के इस मामले में चित्रसेन साव को मुख्य आरोपी बनाया गया है। अन्य गिरफ्तार आरोपियों में मंगल राठिया, चिनेश खमारी, प्रेमसिंह राठिया, कीर्ति श्रीवास (सभी निवासी ग्राम आमगांव) और वनमाली राठिया शामिल हैं।
महिला आरक्षक की वर्दी फाड़ी, वीडियो किया वायरल
प्रदर्शनकारियों ने महिला आरक्षक के कपड़े फाड़ दिए और घटना का करीब 40 सेकेंड का वीडियो भी बनाया। वीडियो में महिला आरक्षक रोते हुए प्रदर्शनकारियों से “भाई छोड़ दो” कहते हुए माफी मांगती नजर आती है। इसके बावजूद आरोपी उसे धमकाते और अपमानित करते दिखते हैं।
महिला TI से भी की गई मारपीट
इस घटना से पहले एक अन्य वीडियो सामने आया था, जिसमें तमनार थाना प्रभारी महिला TI कमला पुषाम को भीड़ द्वारा लात-घूंसे मारते हुए देखा गया था। इस हिंसा में कई पुलिसकर्मी और महिला आरक्षक घायल हुए, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया।
जनसुनवाई विरोध से भड़की हिंसा
पूरा मामला 8 दिसंबर 2025 को धौराभाठा में हुई JPL कोयला खदान सेक्टर-1 की जनसुनवाई के विरोध से जुड़ा है। 14 गांवों के ग्रामीण 12 दिसंबर से धरने पर बैठे थे। 27 दिसंबर को लिबरा चौक पर करीब 300 ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दिया, जो बाद में बढ़कर लगभग 1000 की भीड़ में बदल गया।
पुलिस वाहनों और कोल प्लांट में आगजनी
हालात बिगड़ने पर उग्र भीड़ ने पुलिस बैरिकेड तोड़ दिए, पथराव किया और पुलिस बस, जीप व एम्बुलेंस में आग लगा दी। इसके बाद भीड़ जिंदल के कोल हैंडलिंग प्लांट में घुस गई, जहां कन्वेयर बेल्ट, ट्रैक्टर और अन्य वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया।