राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआइए) की रिपोर्ट के बाद में इंटेलिजेंस और पुलिस ने रविवार रात चंदननगर से सरफराज को हिरासत में लिया। रिपोर्ट में बताया है कि वह 12 साल तक हांगकांग में रहा है। यह भी कहा गया है कि पाकिस्तान और चीन से आतंकी ट्रेनिंग लेकर आया है। भारत में बड़ा हमला करने की फिराक में है। अब मुंबई का आतंकवाद विरोधी दस्ता (एटीएस) सरफराज से पूछताछ करेगा। वह 2007 के आसपास इंदौर के खजराना में भी रहा था। मकान बेचने के बाद ग्रीन पार्क कालोनी में आ गया था। पुलिस के पास वर्ष 2016 से पहले का उसके पासपोर्ट का रिकार्ड नहीं है। उसकी कुछ बातों पर अभी भी संदेह है। बैंक खातों और फोन नबंरों की जांच चल रही है।
एनआइए ने गुप्त इनपुट मुंबई पुलिस को मेमन के बारे में सूचना दी थी। एनआइए को जानकारी मिली थी कि वह मुंबई का रहने वाला है। मुंबई एटीएस हरकत में आई और इंदौर के इंटेलिजेंस डीसीपी रजत सकलेचा को बताया कि सरफराज मूलत: ग्रीन पार्क कालोनी (चंदननगर) स्थित फातमा अपार्टमेंट का रहने वाला है। चंदननगर थाना पुलिस पहुंची तो पहले उसके माता-पिता को हिरासत में लिया। देर रात वह स्वयं थाने पहुंच गया।
पासपोर्ट में 15 बार चीन और हांगकांग जाने की एंट्री मिली
डीसीपी जोन-4 आरके सिंह और एडिशनल डीसीपी जोन-4 अभिनव विश्वकर्मा ने सरफराज से पूछताछ की। उसने प्रारंभिक पूछताछ में हांगकांग में रहना स्वीकार किया। उसके पासपोर्ट में 15 बार चीन और हांगकांग जाने की एंट्री दर्ज है।
माता-पिता को पकड़ा तो खुद पुलिस के पास आया
सरफराज के घर पहुंची पुलिस ने उसके माता-पिता को हिरासत में लिया तो देर रात वह थाने पहुंच गया। सरफराज को चंदननगर इलाके में गुप्त स्थान पर कड़ी सुरक्षा में रखा गया है। पूछताछ में सवालों के स्पष्ट जवाब नहीं दे रहा है।