Logo
Breaking News Exclusive
ओवरटेक करते समय पिकअप से टकराई बाइक, ट्रक के पहिए तले कुचला; भड़के ग्रामीणों का चक्काजाम 70 KM दूर कलेक्टर से मिलने निकले 200 बच्चे, 15 KM चले, पीछे-पीछे चलती रहीं बसें, अफसरों की नहीं सुनी कॉलोनी की गलियों में घूमते दिखा, देखकर भागे बिजली कर्मी; रातभर अंधेरे में रहे रहवासी 4 घंटे तक ठप रखा था अमरकंटक हाईवे, कॉलेज में बस और सड़क के लिए किया था प्रदर्शन  भुवनेश्वर की 4 साल बाद Team India में वापसी, New Zealand T20 Squad में Vaibhav Suryavanshi बरकरार CEC Gyanesh Kumar से मिलने की जिद; 250 प्रदर्शनकारी पकड़े गए टाइगर रिजर्व में दौड़े 250 लोग, हॉर्नबिल संरक्षण का दिया संदेश गरियाबंद में पूर्व विधायक मांझी बोले- पुल-बैंक-सिंचाई कुछ नहीं दे पाए, फिर कैसे होगी जनता की सेवा ? सिर-धड़ अलग कर फेंके, अफेयर खत्म करना चाहती थी, इसलिए मिलने बुलाया और मार डाला बस और आइस बॉक्स में छिपाया; 250 KM का स्मगलिंग रूट, जानिए कहां थी डिलीवरी ओवरटेक करते समय पिकअप से टकराई बाइक, ट्रक के पहिए तले कुचला; भड़के ग्रामीणों का चक्काजाम 70 KM दूर कलेक्टर से मिलने निकले 200 बच्चे, 15 KM चले, पीछे-पीछे चलती रहीं बसें, अफसरों की नहीं सुनी कॉलोनी की गलियों में घूमते दिखा, देखकर भागे बिजली कर्मी; रातभर अंधेरे में रहे रहवासी 4 घंटे तक ठप रखा था अमरकंटक हाईवे, कॉलेज में बस और सड़क के लिए किया था प्रदर्शन  भुवनेश्वर की 4 साल बाद Team India में वापसी, New Zealand T20 Squad में Vaibhav Suryavanshi बरकरार CEC Gyanesh Kumar से मिलने की जिद; 250 प्रदर्शनकारी पकड़े गए टाइगर रिजर्व में दौड़े 250 लोग, हॉर्नबिल संरक्षण का दिया संदेश गरियाबंद में पूर्व विधायक मांझी बोले- पुल-बैंक-सिंचाई कुछ नहीं दे पाए, फिर कैसे होगी जनता की सेवा ? सिर-धड़ अलग कर फेंके, अफेयर खत्म करना चाहती थी, इसलिए मिलने बुलाया और मार डाला बस और आइस बॉक्स में छिपाया; 250 KM का स्मगलिंग रूट, जानिए कहां थी डिलीवरी

: Mungeli: जिला जेल में हत्या के दोषी कैदी ने फांसी लगाकर की आत्महत्या, पत्नी के कत्ल के मामले में था बंद

News Desk / Wed, Oct 19, 2022


घटना के बाद जेल पहुंचे वरिष्ठ अधिकारी

घटना के बाद जेल पहुंचे वरिष्ठ अधिकारी - फोटो : अमर उजाला

ख़बर सुनें

पत्नी की हत्या के मामले में जेल में बंद एक कैदी राहुल साहू ने गुरुवार तड़के आत्महत्या कर ली। सुबह जब सभी कैदी दैनिक क्रिया के लिए बाहर आते हैं, तभी राहुल भी बैरक से बाहर आया और सीढ़ियों पर बने रोशन दान में चादर को चीरकर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इसकी सूचना जेल प्रशासन को कैदियों की गिनती के समय एक कैदी की गिनती कम मिलने पर खोजबीन करने पर हुई। खोजबीन करने पर राहुल सीढ़ियों पर फांसी लगाए हुए मिला। इसकी सूचना जेल प्रभारी द्वारा आईजी, कलेक्टर ,एसपी सहित सभी आला अधिकारियों और मृतक के परिजनों को दी गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, फास्टरपुर थाना क्षेत्र के सिंघनपुरी (लगरा) निवासी राहुल साहू को सितंबर 2021 में अपनी पत्नी की हत्या के आरोप में जिला जेल मुंगेली में रिमांड में भेजा गया था। पिछले 14 महीने से वह जेल में विचाराधीन कैदी के रूप में बंद था। 18 अक्टूबर 2022 को उसे जिला न्यायालय से आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी। इससे वह बहुत दुखी और घबराया हुआ था।

सुबह जब सभी कैदियों को ब्रश करने और नहाने के लिए निकाला गया तो उसी दौरान राहुल ने चादर को फाड़कर सीढ़ियों में बने रोशनदान में फांसी लगा ली। अपने अपने नित्य कर्म में लगे लोगों ने राहुल की ओर ध्यान नही दिया। राहुल साहू के फांसी लगा लेने की सूचना जेल प्रशासन को तब हुई जब कैदियों की गिनती में एक कैदी काम पाया गया और गायब कैदी की खोजबीन की गई।

खोजबीन में पाया गया कि राहुल साहू ने सीढ़ी के रोशनदान में  चादर से फांसी लगा ली है। कैदी के फांसी लगाने की सूचना प्रहरियों द्वारा जेल प्रभारी को दी गयी। फिर उन्होंने ने  सीजेएम, कलेक्टर, एसपी सहित सभी आला अधिकारियों को सूचना दी। कैदी की आत्महत्या की सूचना पर सीजेएम और तहसीलदार लीलाधर ध्रुव, सिटी कोतवाली प्रभारी गौरव पांडेय तत्काल जेल पहुंच गए ।परिजनों को भी सूचना मिली तो वे भी जेल आ गए। सीजेएम और परिजनों की उपस्थिति में  शव का पंचनामा कार्यवाही कर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है।

परिजन मिलने आए थे  तब भी कुछ अहसास नही हुआ

राहुल के मामा मोतीलाल साहू ने बताया कि बुधवार को राहुल के बड़े भैया और परिजन उससे मिलने आये थे। उन्होंने आगे अपील करने की बात भी कही थी। उस समय बातों के दौरान राहुल के एसा कदम उठा लेने की कोई आशंका नही हुई थी। मगर जब फास्टरपुर थाने से राहुल के जेल में फांसी लगाकर आत्महत्या करने की खबर मिली तो सभी को एक बारगी विश्वास ही नही हुआ। राहुल के पिता और भाई तुरन्त जिला जेल पहुंचे तो उन्हें विश्वास हुआ कि राहुल ने खौफनाक कदम उठा लिया है।

जेल प्रशासन सवालों के घेरे में 

जहां जेल का चप्पा-चप्पा सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में हो और बिना नजर में आये कोई एक तिनका भी नही उठा सकता। ऐसी जगह में एक युवक बैरक से अपनी चादर साथ लेकर सीढ़ी तक आता है और रोशनदान में उस चादर को फाड़कर फंदा बनाकर फांसी पर लटक जाता है। इसकी किसी को भनक तक नही लगती। यह किसी भी तरह गले से उतरने वाली बात नहीं लगती।

इस मामले में जेल प्रशासन की घोर लापरवाही सामने आ रही है। क्योंकि कैदी के फांसी लगा लेने की जानकारी गिनती में संख्या कम पाए जाने पर खोजबीन करने पर हुई। तब तक जेल प्रहरी और दूसरे कर्मचारी क्या कर रहे थे? उन्हें इसकी जानकारी पहले क्यों नही हो पाई? मृतक राहुल के परिजन भी इस पर अपनी हैरानी जता रहे हैं कि कोई व्यक्ति इतना बड़ा कदम उठा ले और न किसी कैदी और न ही जेल के किसी कर्मचारी को पता चला।

विस्तार

पत्नी की हत्या के मामले में जेल में बंद एक कैदी राहुल साहू ने गुरुवार तड़के आत्महत्या कर ली। सुबह जब सभी कैदी दैनिक क्रिया के लिए बाहर आते हैं, तभी राहुल भी बैरक से बाहर आया और सीढ़ियों पर बने रोशन दान में चादर को चीरकर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इसकी सूचना जेल प्रशासन को कैदियों की गिनती के समय एक कैदी की गिनती कम मिलने पर खोजबीन करने पर हुई। खोजबीन करने पर राहुल सीढ़ियों पर फांसी लगाए हुए मिला। इसकी सूचना जेल प्रभारी द्वारा आईजी, कलेक्टर ,एसपी सहित सभी आला अधिकारियों और मृतक के परिजनों को दी गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, फास्टरपुर थाना क्षेत्र के सिंघनपुरी (लगरा) निवासी राहुल साहू को सितंबर 2021 में अपनी पत्नी की हत्या के आरोप में जिला जेल मुंगेली में रिमांड में भेजा गया था। पिछले 14 महीने से वह जेल में विचाराधीन कैदी के रूप में बंद था। 18 अक्टूबर 2022 को उसे जिला न्यायालय से आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी। इससे वह बहुत दुखी और घबराया हुआ था।

सुबह जब सभी कैदियों को ब्रश करने और नहाने के लिए निकाला गया तो उसी दौरान राहुल ने चादर को फाड़कर सीढ़ियों में बने रोशनदान में फांसी लगा ली। अपने अपने नित्य कर्म में लगे लोगों ने राहुल की ओर ध्यान नही दिया। राहुल साहू के फांसी लगा लेने की सूचना जेल प्रशासन को तब हुई जब कैदियों की गिनती में एक कैदी काम पाया गया और गायब कैदी की खोजबीन की गई।

खोजबीन में पाया गया कि राहुल साहू ने सीढ़ी के रोशनदान में  चादर से फांसी लगा ली है। कैदी के फांसी लगाने की सूचना प्रहरियों द्वारा जेल प्रभारी को दी गयी। फिर उन्होंने ने  सीजेएम, कलेक्टर, एसपी सहित सभी आला अधिकारियों को सूचना दी। कैदी की आत्महत्या की सूचना पर सीजेएम और तहसीलदार लीलाधर ध्रुव, सिटी कोतवाली प्रभारी गौरव पांडेय तत्काल जेल पहुंच गए ।परिजनों को भी सूचना मिली तो वे भी जेल आ गए। सीजेएम और परिजनों की उपस्थिति में  शव का पंचनामा कार्यवाही कर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है।

परिजन मिलने आए थे  तब भी कुछ अहसास नही हुआ

राहुल के मामा मोतीलाल साहू ने बताया कि बुधवार को राहुल के बड़े भैया और परिजन उससे मिलने आये थे। उन्होंने आगे अपील करने की बात भी कही थी। उस समय बातों के दौरान राहुल के एसा कदम उठा लेने की कोई आशंका नही हुई थी। मगर जब फास्टरपुर थाने से राहुल के जेल में फांसी लगाकर आत्महत्या करने की खबर मिली तो सभी को एक बारगी विश्वास ही नही हुआ। राहुल के पिता और भाई तुरन्त जिला जेल पहुंचे तो उन्हें विश्वास हुआ कि राहुल ने खौफनाक कदम उठा लिया है।

जेल प्रशासन सवालों के घेरे में 

जहां जेल का चप्पा-चप्पा सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में हो और बिना नजर में आये कोई एक तिनका भी नही उठा सकता। ऐसी जगह में एक युवक बैरक से अपनी चादर साथ लेकर सीढ़ी तक आता है और रोशनदान में उस चादर को फाड़कर फंदा बनाकर फांसी पर लटक जाता है। इसकी किसी को भनक तक नही लगती। यह किसी भी तरह गले से उतरने वाली बात नहीं लगती।


इस मामले में जेल प्रशासन की घोर लापरवाही सामने आ रही है। क्योंकि कैदी के फांसी लगा लेने की जानकारी गिनती में संख्या कम पाए जाने पर खोजबीन करने पर हुई। तब तक जेल प्रहरी और दूसरे कर्मचारी क्या कर रहे थे? उन्हें इसकी जानकारी पहले क्यों नही हो पाई? मृतक राहुल के परिजन भी इस पर अपनी हैरानी जता रहे हैं कि कोई व्यक्ति इतना बड़ा कदम उठा ले और न किसी कैदी और न ही जेल के किसी कर्मचारी को पता चला।

Source link

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन