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: Raipur: छत्तीसगढ़ के सबसे बड़े अस्पताल में कोरोना से निपटने कैसी है तैयारी?, मॉकड्रिल में परखा

News Desk / Mon, Dec 26, 2022


डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय

डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

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छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय में मंगलवार को कोविड मैनेजमेंट प्रोटोकॉल मॉकड्रिल का आयोजन किया गया। इस दौरान एक प्रतीकात्मक मरीज के माध्यम से चिकित्सकीय, नर्सिंग, पैरामेडिकल स्टॉफ के रैपिड रिस्पांस को जांचा और परखा गया। चिकित्सालय के विशेषीकृत कोरोना वार्ड में मॉकड्रिल में इस बात की सुनिश्चितचता की गई कि यदि भविष्य में कोरोना का कोई संभावित केस आता है, तो किस तत्परता के साथ उसका इलाज किया जाएगा। 

स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव ने की तैयारियों की समीक्षा

मॉकड्रिल में जीवनरक्षक उपकरणों का प्रतीकात्मक रूप से उपयोग करते हुए उनकी क्रियाशीलता की जांच की गई। वहीं स्वास्थ्य मंत्री टीएस. सिंहदेव ने ऑनलाइन माध्यम से जुड़कर मॉकड्रिल को देखा और तैयारियों की समीक्षा की। अस्पताल के अधीक्षक डॉ. एसबीएस नेताम ने कोरोना की तैयारियों के संबंध में बताया कि कोरोना के संभावित प्रकरणों से निपटने के लिए अस्पताल में पर्याप्त व्यवस्था है। वर्तमान में चिकित्सालय में मेडिकल ऑक्सीजन पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है।

जानें, कैसी है तैयारी

उन्होंने बताया कि ऑक्सीजन की उपलब्धता के लिए दो पीएसए ऑक्सीजन जनरेटर प्लांट, एक क्रायोजेनिक टैंक के साथ ही साथ मैनिफोल्ड सिस्टम है। वर्तमान में 20 बेड का कोरोना आईसीयू और 12 बेड का ट्राइऐज वार्ड तैयार है। इसके अलावा ऑक्सीजनयुक्त 60 बेड की व्यवस्था है। जरूरत पड़ने पर बेड को बढ़ाया भी जाएगा। दवाइयों, पीपीई किट और जांच किट उपलब्ध है। फिलहाल, चिकित्सालय में कोरोना के कोई केस नहीं है। शासन के निर्देशानुसार कोविड से निपटने के लिए चिकित्सालय स्तर पर पूरी तैयारियां कर ली गई हैं। 

मॉकड्रिल में ये रहे मौजूद

इस आयोजन में चिकित्सा महाविद्यालय की अधिष्ठाता डॉ तृप्ति नागरिया, अम्बेडकर अस्पताल अधीक्षक डॉ. एसबीएस नेताम, अस्थि रोग विभागाध्यक्ष डॉ विनित जैन, क्रिटिकल केयर विशेषज्ञ एवं कोरोना के आईसीयू इंचार्ज डॉ. ओपी सुंदरानी, रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ आरके पंडा, नेत्र रोग विभाग से डॉ. संतोष सिंह पटेल, जनरल सर्जरी से डॉ. संदीप चंद्राकर समेत चिकित्सालय के नर्सिंग स्टॉफ, पैरामेडिकल स्टॉफ एवं तकनीकी विशेषज्ञ मौजूद रहे। 

विस्तार

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय में मंगलवार को कोविड मैनेजमेंट प्रोटोकॉल मॉकड्रिल का आयोजन किया गया। इस दौरान एक प्रतीकात्मक मरीज के माध्यम से चिकित्सकीय, नर्सिंग, पैरामेडिकल स्टॉफ के रैपिड रिस्पांस को जांचा और परखा गया। चिकित्सालय के विशेषीकृत कोरोना वार्ड में मॉकड्रिल में इस बात की सुनिश्चितचता की गई कि यदि भविष्य में कोरोना का कोई संभावित केस आता है, तो किस तत्परता के साथ उसका इलाज किया जाएगा। 

स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव ने की तैयारियों की समीक्षा

मॉकड्रिल में जीवनरक्षक उपकरणों का प्रतीकात्मक रूप से उपयोग करते हुए उनकी क्रियाशीलता की जांच की गई। वहीं स्वास्थ्य मंत्री टीएस. सिंहदेव ने ऑनलाइन माध्यम से जुड़कर मॉकड्रिल को देखा और तैयारियों की समीक्षा की। अस्पताल के अधीक्षक डॉ. एसबीएस नेताम ने कोरोना की तैयारियों के संबंध में बताया कि कोरोना के संभावित प्रकरणों से निपटने के लिए अस्पताल में पर्याप्त व्यवस्था है। वर्तमान में चिकित्सालय में मेडिकल ऑक्सीजन पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है।

जानें, कैसी है तैयारी

उन्होंने बताया कि ऑक्सीजन की उपलब्धता के लिए दो पीएसए ऑक्सीजन जनरेटर प्लांट, एक क्रायोजेनिक टैंक के साथ ही साथ मैनिफोल्ड सिस्टम है। वर्तमान में 20 बेड का कोरोना आईसीयू और 12 बेड का ट्राइऐज वार्ड तैयार है। इसके अलावा ऑक्सीजनयुक्त 60 बेड की व्यवस्था है। जरूरत पड़ने पर बेड को बढ़ाया भी जाएगा। दवाइयों, पीपीई किट और जांच किट उपलब्ध है। फिलहाल, चिकित्सालय में कोरोना के कोई केस नहीं है। शासन के निर्देशानुसार कोविड से निपटने के लिए चिकित्सालय स्तर पर पूरी तैयारियां कर ली गई हैं। 

मॉकड्रिल में ये रहे मौजूद

इस आयोजन में चिकित्सा महाविद्यालय की अधिष्ठाता डॉ तृप्ति नागरिया, अम्बेडकर अस्पताल अधीक्षक डॉ. एसबीएस नेताम, अस्थि रोग विभागाध्यक्ष डॉ विनित जैन, क्रिटिकल केयर विशेषज्ञ एवं कोरोना के आईसीयू इंचार्ज डॉ. ओपी सुंदरानी, रेस्पिरेटरी मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ आरके पंडा, नेत्र रोग विभाग से डॉ. संतोष सिंह पटेल, जनरल सर्जरी से डॉ. संदीप चंद्राकर समेत चिकित्सालय के नर्सिंग स्टॉफ, पैरामेडिकल स्टॉफ एवं तकनीकी विशेषज्ञ मौजूद रहे। 


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