शादी के 24वें दिन नई नवेली दुल्हन का मर्डर : जेठानी ने देवरानी को चाकू मारे; लाश टंकी में डाली, भाई पर किया था कमेंट
MP CG Times / Fri, Sep 4, 2026
इंदौर में जेठानी ने अपनी नवविवाहिता देवरानी की चाकू मारकर हत्या कर दी। उसने गर्दन पर दो वार किए। लाश को खींचकर घर के बाहर बनी पानी से भरी हौज यानी टंकी में डाल दिया। फिर अस्पताल में भर्ती अपने पति से मिलने चली गई। हत्या की वजह देवरानी द्वारा जेठानी के भाई पर कमेंट करना बताया गया है।
वारदात राऊ थाना इलाके के नेहरू नगर में गुरुवार की है। पुलिस ने शुक्रवार को इसका खुलासा कर आरोपी पार्वती बाई कुशवाह को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं, देवरानी वंदना कुशवाह का शव पोस्टमॉर्टम के बाद परिजन को सौंप दिया है। वंदना ने 11 अगस्त को ही उपेंद्र पटेल से लव मैरिज की थी।

रक्षाबंधन पर किया था कमेंट, रेप केस में जेल में है भाई
पुलिस ने बताया कि पार्वती का भाई रेप केस में दमोह जेल में बंद है। रक्षाबंधन वाले दिन वंदना ने उसके बारे में कमेंट किया था। इसे लेकर वंदना और पार्वती के बीच विवाद हो गया था।
गुरुवार को पार्वती और वंदना के बीच एक बार फिर बहस हो गई। इस दौरान वंदना ने कह दिया कि मेरा पति मेरे वश में है। मैं तुम्हें, तुम्हारे पति और बच्चों को घर से निकलवा दूंगी।
वंदना की ये बात सुनकर पार्वती गुस्से में आ गई। उसने किचन से चाकू उठाया और वंदना की गर्दन पर वार कर दिए। घटना के समय पार्वती के बच्चे स्कूल गए हुए थे, जबकि पति और देवर अरबिंदो अस्पताल में थे।

पड़ोसियों ने सुनी चीख, पुलिस भी बुलाई
पड़ोसियों ने वंदना के चीखने की आवाज सुनी थी। जब काफी देर तक उसके घर में कोई हलचल नहीं दिखी तो पड़ोसियों ने ही पुलिस को फोन किया। पुलिस मौके पर पहुंची तो घर के बाहर बने हौज में वंदना का शव मिला। उसके शरीर पर चोटों के निशान थे।
पड़ोस में रहने वाले उपेंद्र से की थी लव मैरिज
पुलिस ने बताया कि उपेंद्र और वंदना के परिवार राऊ के नेहरू नगर में आसपास रहते थे। दोनों के बीच दोस्ती के बाद प्रेम संबंध बन गए। वंदना का परिवार नशे की आदत के कारण उपेंद्र को पसंद नहीं करता था। वह नेहरू नगर छोड़कर राजनगर में किराए के मकान में शिफ्ट हो गया।
11 अगस्त को वंदना किसी को बिना बताए घर से निकली और मंदिर में उपेंद्र से शादी कर ली। वंदना के लापता होने पर उसके परिजन ने चंदन नगर थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। हालांकि, पुलिस के सामने वंदना ने उपेंद्र के साथ रहने की बात कही। इसके बाद दोनों उपेंद्र के घर में ही रहने लगे थे।

फुटपाथ पर दुकान चलाते हैं दोनों भाई
पार्वती का पति भूपेंद्र फुटपाथ पर कपड़े जबकि उपेंद्र जूते की दुकान लगाता है। वंदना के पिता धर्मेंद्र पेशे से ड्राइवर हैं। उसके भाई की तीन साल पहले एसिड पीने के चलते मौत हो चुकी है। पिता के मुताबिक, 12 अगस्त को थाने में बयान देने के बाद बेटी वंदना से कभी उनकी बात नहीं हुई।
पुलिस ने मनोवैज्ञानिक तरीके से पूछताछ की
डीसीपी नरेंद्र रावत ने कहा- सीसीटीवी के फुटेज में पार्वती ही घर से निकलती हुई दिखाई दी। इसके बाद पुलिस ने उससे मनोवैज्ञानिक तरीके से पूछताछ की। पार्वती से कहा गया कि उसके फिंगर प्रिंट चाकू पर मिले हैं, बचने की कोई गुंजाइश नहीं है। इससे वह टूट गई और गुनाह कबूल कर लिया।
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