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: Vulture restaurant in Tiger Reserve: गिद्ध रेस्टोरेंट की कहानी, जानिए क्या है Vulture Project ?

MP CG Times / Thu, Sep 26, 2024

Vulture Restaurant Bijapur Vulture Project: बीजापुर में पिछले 4 सालों से गिद्ध परियोजना चल रही है। बस्तर रेंज के सीसीएफ आरसी दुग्गा ने बताया कि इस परियोजना के जरिए गिद्धों के संरक्षण और संवर्धन का प्रयास किया जा रहा है। इस परियोजना के तहत गिद्ध भोजनालय शुरू किया जा रहा है।

क्या है गिद्ध भोजनालय

Vulture Restaurant Bijapur Vulture Project: आरसी दुग्गा ने बताया कि इंद्रावती टाइगर रिजर्व के गिद्ध कोर क्षेत्र के आसपास रहने वाले ग्रामीणों को सलाह दी जा रही है कि वे अपने मवेशियों को मरने के बाद इधर-उधर न फेंके बल्कि उन्हें निर्धारित स्थान पर रखें। Vulture Restaurant Bijapur Vulture Project: आस-पास के इलाकों से गिद्ध वहां पहुंचेंगे और भोजन प्राप्त करेंगे। दुग्गा का कहना है कि गिद्ध भोजनालय एक रोमांचक शब्द है, इसे इसी नाम से लोकप्रिय बनाया जा रहा है। लोग इसे काफी पसंद भी कर रहे हैं।

मधेड़ क्षेत्र में गिद्ध भोजनालय

Vulture Restaurant Bijapur Vulture Project: आरसी दुग्गा ने बताया कि ''गिद्ध भोजनालय की योजना पिछले डेढ़ साल से चल रही है। इसके लिए स्थल का चयन किया गया था। मधेड़ क्षेत्र में गिद्ध ज्यादा रहते हैं। जो मवेशी मरते हैं। Vulture Restaurant Bijapur Vulture Project: इन्हें चयनित स्थान पर दिया जा रहा है। इस योजना से गिद्धों को भरपूर पोषण मिल रहा है। जिससे गिद्धों की संख्या में तेजी से इजाफा हुआ है। इस पर नजर भी रखी जा रही है।''

गिद्धों की संख्या में इजाफा

Vulture Restaurant Bijapur Vulture Project: बस्तर रेंज के सीसीएफ आरसी दुग्गा का कहना है कि पिछले तीन सालों में इंद्रावती टाइगर प्रोजेक्ट में गिद्धों की संख्या में काफी इजाफा हुआ है। वर्ष 2021 में रिजर्व में 55 गिद्धों की गणना की गई थी। Vulture Restaurant Bijapur Vulture Project: अब यह बढ़कर 200 से अधिक हो गई है। इस बढ़ोतरी को और बढ़ावा देने के लिए जियो टैगिंग का उपयोग किया जाएगा। ताकि गिद्धों की वास्तविक संख्या का पता चल सके।

गिद्धों की तीन प्रजातियां

Vulture Restaurant Bijapur Vulture Project: ग्रामीण क्षेत्रों में पशु चिकित्सा विभाग और 'गिद्ध मित्रों' की मदद से अब मवेशियों का एलोपैथिक दवाओं की जगह जड़ी-बूटियों से इलाज किया जा रहा है। ताकि मृत पशुओं के शरीर में कोई जहरीला तत्व न रहे। Vulture Restaurant Bijapur Vulture Project: गिद्धों को सुरक्षित भोजन मिल सके। इस प्रयास के कारण इंद्रावती क्षेत्र में गिद्धों की तीन प्रजातियां देखी गई हैं - भारतीय गिद्ध, सफेद पूंछ वाला गिद्ध और अब ग्रिफॉन गिद्ध। Read More- Landmines, Tanks, Ruins: The Afghanista Taliban Left Behind in 2001 29 IAS-IPS

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