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: Strawberry Cultivation Tips: Chhattisgarh में स्ट्रॉबेरी की खेती से बन जाएंगे लखपति, जानिए किसान कैसे उगाएं फसल ?

Strawberry Cultivation Tips: छत्तीसगढ़ के किसानों को स्ट्रॉबेरी की खेती के लिए कौन सी तकनीक अपनानी चाहिए, जिससे उन्हें अधिक उत्पादन के साथ-साथ मुनाफा भी मिल सके। स्ट्रॉबेरी की कौन सी किस्में हैं, जिनसे किसान अच्छा मुनाफा ले सकते हैं।

स्ट्रॉबेरी की खेती करते समय किसानों को किस तरह की सावधानियां बरतनी चाहिए। स्ट्रॉबेरी की खेती के लिए कौन सा मौसम उपयुक्त माना जाता है। इन सभी सवालों के जवाब जानने के लिए टीम ने इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर के वरिष्ठ कृषि वैज्ञानिक घनश्याम दास साहू से खास चर्चा की है। स्ट्रॉबेरी की खेती के लिए सही मौसम Strawberry Cultivation Tips: इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के वरिष्ठ कृषि वैज्ञानिक घनश्याम दास साहू ने बताया कि स्ट्रॉबेरी की खेती के लिए ठंडा मौसम उपयुक्त माना जाता है। इसकी खेती के लिए सरगुजा के पहाड़ी इलाकों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के मैदानी इलाके भी फायदेमंद हैं। Strawberry Cultivation Tips: इसके अलावा बस्तर का वन क्षेत्र जहां किसान आसानी से स्ट्रॉबेरी की खेती कर सकते हैं और अधिक उत्पादन ले सकते हैं। अगर अक्टूबर तक स्ट्रॉबेरी के पौधे मंगा लिए जाएं तो नवंबर से मार्च के बीच स्ट्रॉबेरी की खेती कर अच्छी कमाई की जा सकती है। स्ट्रॉबेरी की खेती करते समय बरतें सावधानियां
  • राज्य के किसानों को स्ट्रॉबेरी की फसल लगाते समय कुछ जरूरी सावधानियां बरतने की जरूरत है।
  • किसान रनर के साथ भी स्ट्रॉबेरी लगा सकते हैं।
  • स्ट्रॉबेरी लगाते समय राज्य के किसानों को क्यारियां बनाकर प्लास्टिक फ्लावर या ड्रिप सिंचाई तकनीक का इस्तेमाल करना चाहिए।
  • पौधों के बीच की दूरी 40 सेमी और पंक्तियों के बीच की दूरी भी 40 सेमी होनी चाहिए।
  • अधिक उत्पादन के लिए कटाई करें
Strawberry Cultivation Tips: स्ट्रॉबेरी की पत्तियों में फफूंद रोग लग जाए तो किसानों को समय-समय पर कीटनाशकों का इस्तेमाल करना चाहिए। स्ट्रॉबेरी में 45 से 50 दिन में फूल खिलने लगते हैं। राज्य के किसान पहली कटाई 80 से 90 दिन में कर सकते हैं। Strawberry Cultivation Tips: एक बार स्ट्रॉबेरी लगाने के बाद इसकी 6 से 7 बार कटाई की जा सकती है। पहली बार में फल बड़े होने के कारण कटाई के बाद पौधों को पर्याप्त मात्रा में खाद देना जरूरी होता है। Read More- Landmines, Tanks, Ruins: The Afghanista Taliban Left Behind in 2001 29 IAS-IPS

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