Logo
Breaking News Exclusive
गांजा, 3 जिंदा कारतूस और कैश जब्त, पुलिस को देखते ही भागने लगी ग्रैंड विटारा, खदेड़कर पकड़ा ओवरटेक के चक्कर में स्कूटी सवार पिता-बेटे को रौंदा, मौके पर मौत; मां जिला अस्पताल में गंभीर 25 साल के सोने-चांदी का रिकॉर्ड गायब, ट्रस्ट का दावा- थाने में रखा; टीआई बोले- यहां कुछ भी नहीं नकाबपोश ने पहले हवाई फायर किया; विरोध पर सीने में दाग दीं 2 गोलियां, इलाके में दहशत के बीच नाकाबंदी भाई ने लगाई फांसी, श्मशान से लौटकर बहन ने दी जान, गांव में मातम और तरह-तरह की चर्चाएं खदान की माइंस के पास दिखा भयानक नजारा; आसपास दरारें, दहशत में ग्रामीण नर्मदा नदी से जुड़ी 21 हजार हेक्टेयर जमीन डूबी, 192 गांव उजड़े; सरदार सरोवर डील की इनसाइड स्टोरी गृहमंत्री की कुर्सी, इंटरनल सर्वे और IAS कनेक्शन; पढ़िए अंदरखाने की इनसाइड स्टोरी 116 स्कूलों से टॉयलेट गायब, 513 चपरासियों की भर्ती, 4 करोड़ के कर्ज में विभाग, कलेक्टर बोले- जो हो गया, सो हो गया ड्रग पेडलर्स ने पूछताछ में लिया नाम; विवेक तन्खा बोले- बिना सूचना ले गई पुलिस गांजा, 3 जिंदा कारतूस और कैश जब्त, पुलिस को देखते ही भागने लगी ग्रैंड विटारा, खदेड़कर पकड़ा ओवरटेक के चक्कर में स्कूटी सवार पिता-बेटे को रौंदा, मौके पर मौत; मां जिला अस्पताल में गंभीर 25 साल के सोने-चांदी का रिकॉर्ड गायब, ट्रस्ट का दावा- थाने में रखा; टीआई बोले- यहां कुछ भी नहीं नकाबपोश ने पहले हवाई फायर किया; विरोध पर सीने में दाग दीं 2 गोलियां, इलाके में दहशत के बीच नाकाबंदी भाई ने लगाई फांसी, श्मशान से लौटकर बहन ने दी जान, गांव में मातम और तरह-तरह की चर्चाएं खदान की माइंस के पास दिखा भयानक नजारा; आसपास दरारें, दहशत में ग्रामीण नर्मदा नदी से जुड़ी 21 हजार हेक्टेयर जमीन डूबी, 192 गांव उजड़े; सरदार सरोवर डील की इनसाइड स्टोरी गृहमंत्री की कुर्सी, इंटरनल सर्वे और IAS कनेक्शन; पढ़िए अंदरखाने की इनसाइड स्टोरी 116 स्कूलों से टॉयलेट गायब, 513 चपरासियों की भर्ती, 4 करोड़ के कर्ज में विभाग, कलेक्टर बोले- जो हो गया, सो हो गया ड्रग पेडलर्स ने पूछताछ में लिया नाम; विवेक तन्खा बोले- बिना सूचना ले गई पुलिस

Twisha Case – BIG BREAKING : रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह की अग्रिम जमानत रद्द, हाईकोर्ट का फैसला, 29 मई तक समर्थ CBI की रिमांड पर

MP CG Times / Wed, May 27, 2026

Bhopal में चर्चित Twisha Sharma मौत मामले में हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। Madhya Pradesh High Court की जबलपुर खंडपीठ में रिटायर्ड जज और ट्विशा की सास Giribala Singh की अग्रिम जमानत रद्द कर दी है।

वहीं बुधवार को SIT ने आरोपी पति Samarth Singh को भोपाल कोर्ट में पेश किया, जहां से अदालत ने उसे 29 मई तक CBI रिमांड पर भेज दिया। इसके बाद CBI की टीम समर्थ सिंह को लेकर कटारा हिल्स स्थित उसके घर पहुंची, जहां घटना वाले दिन की परिस्थितियों को समझने के लिए सीन रिक्रिएशन किया गया।

12 मई की रात हुई थी संदिग्ध मौत

मामला 12 मई की रात का है, जब भोपाल के कटारा हिल्स इलाके में ट्विशा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। ससुराल पक्ष इसे suicide बता रहा है, जबकि मायके पक्ष लगातार इसे murder case बताते हुए पति और ससुराल वालों पर गंभीर आरोप लगा रहा है।

मृतका के परिवार का आरोप है कि शादी के बाद से ही ट्विशा मानसिक प्रताड़ना झेल रही थी। वहीं जांच एजेंसियां अब इस पूरे मामले की हर एंगल से पड़ताल कर रही हैं।

CBI ने शुरू की सीन रिक्रिएशन प्रक्रिया

CBI टीम बुधवार को आरोपी समर्थ सिंह को लेकर उसके घर पहुंची। जांच अधिकारियों ने घटना के दिन की गतिविधियों और घटनास्थल की परिस्थितियों को दोबारा समझने के लिए scene recreation कराया। सूत्रों के मुताबिक टीम ने घर के अलग-अलग हिस्सों की जांच की और घटनाक्रम को क्रमवार समझने की कोशिश की।

हाईकोर्ट में जमानत पर तीखी बहस

सुनवाई के दौरान मृतका पक्ष ने गिरिबाला सिंह को मिली anticipatory bail पर गंभीर सवाल उठाए। याचिकाकर्ता पक्ष का कहना है कि मामले की जांच पूरी होने से पहले इतनी जल्दी अग्रिम जमानत देना उचित नहीं था। वहीं बचाव पक्ष ने अदालत में कहा कि गिरिबाला सिंह जांच में सहयोग कर रही हैं।

आदेश की कॉपी से निकले अहम पॉइंट्स...

इस आदेश में मुख्य रूप से कहा गया है कि मृतका Twisha Sharma की संदिग्ध मौत और दहेज प्रताड़ना से जुड़े मामले में आरोपी सास Giribala Singh को निचली अदालत से मिली अग्रिम जमानत (Anticipatory Bail) को Madhya Pradesh High Court ने रद्द (Quash) कर दिया। हाईकोर्ट ने मामले की गंभीरता, उपलब्ध साक्ष्यों और जांच की स्थिति को देखते हुए यह फैसला सुनाया।

1. CBI को बनाया गया पक्षकार

कोर्ट ने माना कि मामले की जांच अब Central Bureau of Investigation (CBI) को सौंप दी गई है। इसलिए CBI को इस केस में औपचारिक रूप से पक्षकार (Party) बनाया गया।

2. मृतका के परिवार के गंभीर आरोप

अदालत के सामने बताया गया कि ट्विशा शर्मा की शादी 9 दिसंबर 2025 को हुई थी। शादी के बाद उसे दहेज और गर्भावस्था को लेकर प्रताड़ित किया गया।

व्हाट्सऐप चैट्स के आधार पर दावा किया गया कि ट्विशा ने अपने माता-पिता को बताया था कि पति और ससुराल वाले उस पर शक करते थे और गर्भपात कराने का दबाव बना रहे थे।

3. हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणियां

हाईकोर्ट ने कहा कि ट्रायल कोर्ट ने केस डायरी और उपलब्ध साक्ष्यों का सही तरीके से परीक्षण नहीं किया।

अदालत ने यह भी कहा कि मृतका के शरीर पर चोटों के निशान थे, जिनका संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया। साथ ही आरोपी पक्ष पर जांच में पूरा सहयोग नहीं करने की टिप्पणी भी की गई।

कोर्ट ने यह भी नोट किया कि आरोपी पक्ष द्वारा मीडिया में बयान देकर मृतका की छवि खराब करने की कोशिश की गई।

4. पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर कोर्ट की टिप्पणी

कोर्ट ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट का उल्लेख करते हुए कहा कि फांसी के अलावा शरीर पर अन्य चोटों के निशान भी पाए गए थे। मेडिकल रिपोर्ट के अनुसार ये चोटें केवल शव उतारने की प्रक्रिया से नहीं आई थीं।

5. गवाहों के बयानों का उल्लेख

मृतका के परिवार और अन्य गवाहों के बयानों में आरोप लगाया गया कि:

  • सास और पति गर्भपात का दबाव बना रहे थे।

  • दहेज की मांग की जाती थी।

  • मृतका को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था।

6. सुप्रीम कोर्ट के फैसलों का हवाला

हाईकोर्ट ने कई सुप्रीम कोर्ट के फैसलों का हवाला देते हुए कहा कि अग्रिम जमानत केवल विशेष परिस्थितियों में दी जानी चाहिए।

अदालत ने यह भी कहा कि यदि निचली अदालत महत्वपूर्ण तथ्यों की अनदेखी करे, तो हाईकोर्ट को जमानत रद्द करने का अधिकार है।

7. हाईकोर्ट का अंतिम आदेश

हाईकोर्ट ने कहा कि मामले की गंभीरता, उपलब्ध साक्ष्यों और जांच की स्थिति को देखते हुए 15 मई 2026 को दी गई अग्रिम जमानत उचित नहीं थी।

इसी आधार पर भोपाल के 10वें अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश द्वारा Giribala Singh को दी गई अग्रिम जमानत को रद्द (Quash) कर दिया गया। साथ ही दोनों याचिकाएं स्वीकार कर ली गईं।

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन