Logo
Breaking News Exclusive
हाई कोर्ट ने सहायक संचालक के पक्ष में सुनाया फैसला… कोख से तौली गई जिंदगी, रिश्ते के भीतर पनपी साजिश, जानिए कैसे तड़पा-तड़पाकर मार डाला पति ? गरियाबंद में क्या सिस्टम ने छीनी सांसें, पिता बोले-इकलौता बेटा था, इलाज मिलता तो बच जाता, अब सब कुछ खत्म गरियाबंद आदिवासी विभाग ने कर्मचारियों को हटाया, 8 महीने की सैलरी कौन डकार गया ? चिल्लाई तो नहर में फेंककर हत्या कर दी, जानिए कैसे पकड़ा गया कातिल ? अर्धनग्न होकर बर्फ पर घूमी लेडी इन्फ्लुएंसर, साड़ी उतार अंडरगारमेंट में रील बनाई; VIDEO वायरल केबिन क्रू पिंकी का पिता को आखिरी कॉल; पापा Ajit Pawar के साथ फ्लाइट है, आपसे बात कराऊंगी महिला कैप्टन के आखिरी शब्द थे- ओह शिट... ओह शिट, पायलट ने मेडे कॉल नहीं किया लाश के टुकड़े थैलियों में भरकर जंगल में जलाए, खून के धब्बे मिटाए, Neeraj Grover Murder Story घर में घुसकर हंसिए से गला रेत किया कत्ल, ढाई साल का प्यार बना हत्या की वजह हाई कोर्ट ने सहायक संचालक के पक्ष में सुनाया फैसला… कोख से तौली गई जिंदगी, रिश्ते के भीतर पनपी साजिश, जानिए कैसे तड़पा-तड़पाकर मार डाला पति ? गरियाबंद में क्या सिस्टम ने छीनी सांसें, पिता बोले-इकलौता बेटा था, इलाज मिलता तो बच जाता, अब सब कुछ खत्म गरियाबंद आदिवासी विभाग ने कर्मचारियों को हटाया, 8 महीने की सैलरी कौन डकार गया ? चिल्लाई तो नहर में फेंककर हत्या कर दी, जानिए कैसे पकड़ा गया कातिल ? अर्धनग्न होकर बर्फ पर घूमी लेडी इन्फ्लुएंसर, साड़ी उतार अंडरगारमेंट में रील बनाई; VIDEO वायरल केबिन क्रू पिंकी का पिता को आखिरी कॉल; पापा Ajit Pawar के साथ फ्लाइट है, आपसे बात कराऊंगी महिला कैप्टन के आखिरी शब्द थे- ओह शिट... ओह शिट, पायलट ने मेडे कॉल नहीं किया लाश के टुकड़े थैलियों में भरकर जंगल में जलाए, खून के धब्बे मिटाए, Neeraj Grover Murder Story घर में घुसकर हंसिए से गला रेत किया कत्ल, ढाई साल का प्यार बना हत्या की वजह

: छत्तीसगढ़ में निगम-मंडल-आयोग में किसे मिलेगी जगह: इन नामों पर बनी सहमति, जानिए कौन-कौन हैं वो नेता ?

MP CG Times / Wed, Sep 18, 2024

First list of Corporation Board Commission finalized in Chhattisgarh: छत्तीसगढ़ में राजनीतिक नियुक्तियों को लेकर भाजपा नेताओं का इंतजार अब खत्म होने वाला है। निगम, मंडल, बोर्ड और आयोग में अध्यक्ष पद के लिए पार्टी पदाधिकारियों में आम सहमति बन गई है। भाजपा सूत्रों के अनुसार आने वाले दिनों में सूची जारी कर दी जाएगी। पहली सूची में प्रवक्ता, पूर्व मंत्री, वरिष्ठ पदाधिकारी समेत कई नाम लगभग फाइनल हैं। इनके अलावा संजय श्रीवास्तव और केदार गुप्ता में से किसी एक को निगम या मंडल का अध्यक्ष बनाने पर चर्चा चल रही है। निगम, मंडल, बोर्ड और आयोग में नियुक्तियां दो चरणों में होंगी। पहली सूची में 16 नामों पर आम सहमति बन गई है। यह सूची जल्द ही जारी हो सकती है। वहीं भाजपा नेताओं ने नगरीय निकाय चुनाव के बाद दूसरी सूची आने की संभावना जताई है। छत्तीसगढ़ में 5 लाख चेहरों पर बिखरी मुस्कान: साय सरकार ने PM आवास के लिए दिए 2044 करोड़, CM बोले- शिकायत पर कलेक्टरों पर होगा एक्शन इन निगमों और मंडलों में पहले होगी नियुक्तियां खनिज आबकारी श्रम निर्माण खाद्य बीज विकास आवास मंडल नान लघु वनोपज बोर्ड पाठ्यपुस्तक निगम छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल विधानसभा-लोकसभा चुनाव में प्रदर्शन को बनाया जाएगा आधार भाजपा नेताओं के अनुसार निगमों, मंडलों और आयोगों के अध्यक्षों की नियुक्ति के लिए प्रारूप तैयार किया गया है। इसमें दावेदार के प्रदर्शन को प्राथमिकता दी गई है। विधानसभा और लोकसभा चुनाव के दौरान प्रदर्शन कैसा रहा? पार्टी द्वारा दिए गए काम और लक्ष्य में से कितना पूरा हुआ। छत्तीसगढ़ में फिर खुलेंगे दाल-भात सेंटर: मजदूरों के बच्चों को शिक्षा के लिए मिलेगी आर्थिक मदद, जानिए CM साय ने और क्या घोषणाएं की ? वायरल हो चुकी है कथित सूची अगस्त में निगमों और मंडलों के अध्यक्ष पदों की एक सूची वायरल हुई थी। भाजपा नेताओं ने इस वायरल सूची को फर्जी बताया था। यह सूची सोशल मीडिया पर भाजपा के समर्पित ग्रुप भाजपा महाभारत चक्रव्यूह में वायरल हुई थी। सूची वायरल होने के बाद पार्टी नेता दबी जुबान में चर्चा कर रहे हैं कि इनमें से कुछ को मौका जरूर मिलेगा। कांग्रेस छोड़कर भाजपा में आए नेता भी जोर आजमाइश कर रहे हैं विधानसभा और लोकसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस छोड़कर भाजपा में आए बड़े नेता और पदाधिकारी भी साय सरकार में निगम, मंडल और आयोगों में पद पाने के लिए जोर आजमाइश कर रहे हैं। इसमें सरगुजा, बिलासपुर, जगदलपुर और महासमुंद के नेताओं के नाम शामिल बताए जा रहे हैं। कांग्रेस की राह पर भाजपा छत्तीसगढ़ में पिछली कांग्रेस सरकार में निगम और मंडलों की सूची सरकार के कार्यकाल के एक साल बाद जारी की गई थी। इस सूची में 91 कांग्रेस नेताओं के नाम थे। इसमें से 10 को अध्यक्ष पद पर नियुक्त किया गया था। भाजपा सरकार भी कांग्रेस की राह पर चलती नजर आ रही है। साय सरकार को बने करीब 10 महीने हो गए हैं। लेकिन निगम और मंडलों के अध्यक्षों की नियुक्ति और राजनीतिक नियुक्तियों में लगातार देरी हो रही है। Read More- Landmines, Tanks, Ruins: The Afghanista Taliban Left Behind in 2001 29 IAS-IPS

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन