टीआई को हेड कांस्टेबल ने गाली दी, सस्पेंड : नशे में शराब लेने पहुंचा, तो दुकानदार ने देने से किया इनकार, वायरल वीडियो के बाद एक्शन
MP CG Times / Sun, Dec 14, 2025
मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले में पुलिस विभाग की छवि को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। शराब के नशे में प्रधान आरक्षक मुकेश राजपूत ने न सिर्फ सार्वजनिक स्थान पर हंगामा किया, बल्कि फोन पर थाना प्रभारी को गालियां भी दीं। घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस अधीक्षक ने सख्त कार्रवाई करते हुए प्रधान आरक्षक को निलंबित कर दिया।
प्रधान आरक्षक मुकेश राजपूत वर्तमान में पुलिस लाइन में पदस्थ थे और बड़ामलहरा न्यायालय में उनकी ड्यूटी लगी हुई थी। सोशल मीडिया पर सामने आए दो वीडियो ने पूरे मामले को उजागर कर दिया। एक वीडियो में वह फोन पर थाना प्रभारी को अभद्र भाषा में गाली देते नजर आ रहे हैं, जबकि दूसरे वीडियो में शराब के नशे में लड़खड़ाते हुए बाइक स्टार्ट करने की कोशिश करते दिखाई दे रहे हैं।

शराब दुकान पर हुआ विवाद
जानकारी के मुताबिक यह पूरा घटनाक्रम शराब दुकान पर हुआ। प्रधान आरक्षक जब शराब लेने पहुंचे तो दुकानदार ने उन्हें शराब देने से इनकार कर दिया और थाना प्रभारी से शिकायत करने की बात कही। इसी बात से नाराज होकर प्रधान आरक्षक ने वहीं से थाना प्रभारी को फोन कर गाली-गलौज शुरू कर दी।
इस दौरान शराब दुकान के कर्मचारियों ने पूरी घटना का वीडियो बना लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो में देखा जा सकता है कि कुछ लोग उन्हें रोकने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन वह नशे की हालत में बाइक लेकर वहां से निकल जाते हैं।
मेडिकल जांच के बाद हुई कार्रवाई
मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस विभाग हरकत में आया। प्रधान आरक्षक की मेडिकल जांच कराई गई, जिसमें शराब सेवन की पुष्टि हुई। इसके बाद छतरपुर पुलिस अधीक्षक अगम जैन ने शनिवार देर रात प्रधान आरक्षक मुकेश राजपूत को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
यह घटना 8 और 9 दिसंबर की बताई जा रही है, जब मुख्यमंत्री मोहन यादव खजुराहो में कैबिनेट बैठक के लिए पहुंचे थे और जिले में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी थी। ऐसे समय में पुलिसकर्मी का इस तरह का आचरण विभागीय अनुशासन पर गंभीर सवाल खड़े करता है। फिलहाल मामले में विभागीय जांच की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
जरूरी खबरें
विज्ञापन