Logo
Breaking News Exclusive
कुंभ में अव्यवस्था पर अफसरों पर भड़के रोहित साहू, कहा- कलाकारों को भूखे बैठाया, मेरे परिवार को भी खाना नहीं मिला बीजेपी पार्षद से 3.5 लाख ठगे, “श्मशान की मिट्टी” लाने का बहाना, फिर नकली नोटों से भरा बैग थमाकर फरार इलाज व्यवस्था पर उठे सवाल, अस्पताल में हंगामा, डॉक्टर से तीखी बहस पीएमश्री स्कूल की प्रिंसिपल की पोस्टिंग निरस्त, टीचरों को भी नोटिस, “दामाद जी अंगना में पधारे” गाने पर बनाई थी रील अमित शाह का ऐलान, नक्सलियों को सरेंडर का मौका, तय समय में नक्सलवाद खत्म होगा बस से जा भिड़ा, एक की मौत, दो घायल, अवैध बस स्टैंड बना हादसों की वजह ? ‘स्पेशल सर्विस’ से इनकार पर लड़की की 6 महीने की सैलरी रोकी, कस्टमर से वसूलते थे पैसे रात में शराब पी, अचानक नाक से निकलने लगा खून, पहले से शादीशुदा थी, दो बच्चे भी तेज रफ्तार में था, हादसे के बाद एक किलोमीटर दूर खड़ा मिला ट्रक, ड्राइवर भागा 3 युवकों की मौत, गाड़ी में फंसे युवक गेट का कांच पीटते रहे, देखते ही देखते डूबे कुंभ में अव्यवस्था पर अफसरों पर भड़के रोहित साहू, कहा- कलाकारों को भूखे बैठाया, मेरे परिवार को भी खाना नहीं मिला बीजेपी पार्षद से 3.5 लाख ठगे, “श्मशान की मिट्टी” लाने का बहाना, फिर नकली नोटों से भरा बैग थमाकर फरार इलाज व्यवस्था पर उठे सवाल, अस्पताल में हंगामा, डॉक्टर से तीखी बहस पीएमश्री स्कूल की प्रिंसिपल की पोस्टिंग निरस्त, टीचरों को भी नोटिस, “दामाद जी अंगना में पधारे” गाने पर बनाई थी रील अमित शाह का ऐलान, नक्सलियों को सरेंडर का मौका, तय समय में नक्सलवाद खत्म होगा बस से जा भिड़ा, एक की मौत, दो घायल, अवैध बस स्टैंड बना हादसों की वजह ? ‘स्पेशल सर्विस’ से इनकार पर लड़की की 6 महीने की सैलरी रोकी, कस्टमर से वसूलते थे पैसे रात में शराब पी, अचानक नाक से निकलने लगा खून, पहले से शादीशुदा थी, दो बच्चे भी तेज रफ्तार में था, हादसे के बाद एक किलोमीटर दूर खड़ा मिला ट्रक, ड्राइवर भागा 3 युवकों की मौत, गाड़ी में फंसे युवक गेट का कांच पीटते रहे, देखते ही देखते डूबे

: Bhopal Gas Tragedy: क्या हुआ था 2-3 दिसंबर 1984 की रात, अतिरिक्त मुआवजे वाली याचिका SC ने क्यों की खारिज?

News Desk / Tue, Mar 14, 2023


भोपाल गैस त्रासदी

भोपाल गैस त्रासदी - फोटो : AMAR UJALA

विस्तार

सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को केंद्र की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें सरकार ने 1984 के भोपाल गैस कांड के पीड़ितों के लिए मुआवजा बढ़ाने की मांग की थी। गौरतलब है कि यूनियन कार्बाइड से जुड़े इस मामले में 2010 में ही उपचारात्मक याचिका (क्यूरेटिव पिटीशन) दाखिल हुई थी। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने जनवरी में फैसला सुरक्षित रख लिया था। अपने आदेश में कोर्ट ने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश के मुताबिक, केंद्र सरकार स्वयं बीमा पॉलिसी जारी करने में विफल रही। 

आइये जानते  हैं कि भोपाल गैस कांड में अभी क्या हुआ है? केंद्र सरकार की मांग क्या थी? पूरा मामला क्या है? दो-तीन दिसंबर की रात क्या हुआ था?


Source link

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन